About Me

My photo
I am a music, art, culture enthusiast and like to flow as the nature takes me. I write poetries and shayris. I use my Pen Name as 'Zaahir'. Zahir means 'Expression'. In some contextual sense it also means 'Obvious'.

Monday, July 29, 2024

कोशिशें

आदतों को आदतों की आदतें होती रही 
ता उमर ऐसे गुलों की बारिशें होती रही 
इतना भी क्या सोचना सोचे हुए हंगाम पे 
ज़िंदगी आदत तले अपनी बसर होती रही 

हमने ना सोचा ना समझा ना ही पछताए कभी 
सोच कर बैठे थे जो उनको खलिश होती रही 

हर क़दम पर पाएमानी की ज़रूरत थी उन्हें 
हर क़दम पर जिनके हरदम ताइदी होती रही 

वो नहीं नादान जिनके पर अभी आए नहीं 
वो इशारों मे हैं जिनकी परवरिश होती रही 

एक बच्चे नें सिखाया ज़िंदगी का फ़लसफ़ा 
जब तलक वो उठ ना पाया कोशिशें होती रही 

No comments:

Post a Comment

ख़ामोशी

ख़ुश्क यादों का भँवर है ये मेरी  ख़ामोशी तल्ख़ लहजे का असर है ये मेरी  ख़ामोशी मैं जो ख़ामोश हूं सुन सकता हूं दुनिया तुझ को जज़्बा-ए-शौक़-ए-ज़बर ...